ICAR-CCARI के संतुलित उर्वरीकरण राष्ट्रीय अभियान के समर्थन में गोवा के माननीय मुख्यमंत्री की अपील

 

 

 

 

 

 

 

 

 

ICAR-CCARI के संतुलित उर्वरीकरण राष्ट्रीय अभियान के समर्थन में गोवा के माननीय मुख्यमंत्री की अपील

 

    गोवा के कृषक समुदाय के नाम माननीय मुख्यमंत्री की अपील

    माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के ‘विकसित भारत’ के दृष्टिकोण तथा आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था के आह्वान के अनुरूप, गोवा के माननीय मुख्यमंत्री श्री प्रमोद सावंत जी ने संतुलित उर्वरीकरण राष्ट्रीय अभियान के संबंध में एक विशेष संदेश दिया है।

    मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि गोवा की विशिष्ट कृषि प्रणालियाँ—खाजन भूमि, कुलागर तथा काजू बागान—पारंपरिक रूप से टिकाऊ हैं और इन्हें “स्वाभाविक रूप से जैविक” माना जा सकता है। उन्होंने किसानों से इस विरासत को आगे बढ़ाने तथा उर्वरकों के विवेकपूर्ण उपयोग हेतु ‘4R सिद्धांत’ (सही उर्वरक, सही मात्रा, सही समय और सही स्थान) अपनाने का आग्रह किया, जिससे उत्पादन लागत कम हो, मृदा स्वास्थ्य सुरक्षित रहे और कृषि अधिक टिकाऊ बने।

    ICAR-CCARI, गोवा इस अभियान के माध्यम से किसानों को वैज्ञानिक मार्गदर्शन प्रदान करते हुए उनकी समृद्धि और सतत कृषि विकास के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।

 

Appeal by Hon’ble CM of Goa championing ICAR-CCARI’s National Campaign on Balanced Fertilization

    Hon'ble CM’s Appeal to the Farming Community of Goa in alignment with the Hon’ble Prime Minister Narendra Modi ’s vision of ‘Viksit Bharat’ and his appeals for economic self-reliance, we are proud to share this special message from the Hon’ble Chief Minister, Shri Pramod Sawant , regarding the National Campaign on Balanced Fertilization . The CM highlights how Goa’s unique farming—our Khazans, Kulagars, and Cashew plantations—is traditionally sustainable and "organic by default." He urges us to continue leading the way by using the '4R' principle to reduce costs and protect our soil. ICAR-CCARI is committed to supporting every farmer in this journey.